सुनील सिंह और सुषमा सिंह

 बोकारो से मिनी ट्रक लेकर कोलकाता पहुंचा

एक couple वो भी रात्री के दो  बजे।

साल 2005 की बात रहीं होगी 

हैलो प्रधान जी मैं सुनील सिंह रूबी पहुंच गया हूं 

मित्रों मंजिल किधर है जहां मेरे लिए एक फ्लैट 

Arrange किया गया है heritage की तरफ से 

अच्छा सीधा आइए फिर बाएं फिर दाहिने 

नहीं मिल रहा जी 

अच्छा आता हूं रुकिए वहीँ 

वो साल दूसरा था और ये साल दूसरा है 

पता नहीं कितनी हँसी ठहाकों की महफिलें 

En दोनों लोगों के साथ तब से लेकर आज तक

रोते हुए को हँसा लेने की महारत हासिल सुनील जी का 

क्या ही कहना।।

कोई मसला या पेंच फंसने पर हैलो सुषमा जी ये इशू है क्या करना चाहिए 

बारीक और परखी नजर वाली सुषमा जी का भी कोई ज़वाब नहीं 

और उनके सोना का तो कुछ ना ही कहे तो अच्छा है 

हैलो सोना आइए प्रधान जी आनेवाले है 

बस और क्या मेरे आने से पहले ही सोना हाजिर 

क्या बात है सोना भाई कैसे कर लेते है ये सब 

इतना कह्ते ही 

हँसने हँसाने वाली बातों की फूल झड़ी छोड़ देने वाले सुनील जी को कुछ ना बोलना ही अच्छा है 

Ajij दोस्त jayanto  bose जिन्दादिली का बादशाह heritage ki नौकरी छोड़ दिल्ली गया क्या फिर उसी फ्लैट से शुरूवात करने ये महाशय आ गए 

मेरे को क्या पता वही दो बजे रात्री को jganewala और मिनी ट्रक पर आनेवाला कपल से हमारी इतनी घनिष्टता हो जाएगी और उनकी शादी की pachiswi सालगिरह में हमलोग भी होंगे 

ये जीवन की यात्रा और ये सालगिरह बहुत मुबारक हो सोना और सोना की अर्धांगिनी सुषमा जी को।।


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